वृषभ राशि की विशेषता
वृषभ शुक्र ग्रह के साथ जुड़ा होता है. जिसकी विशेषता सुंदरता और ताजगी होती है.वृषुभ राशि वाले ज्यादातर भौतिकवादी होते है और सब कुछ में सेवा करने के लिए तैयार रहते है. हालांकि, वे बहुत संवेदनशील होते हैं और उनकी भावनाओं को बहुत बार परास्त कर देते है. अपने…
वृषभ राशि
राशिफल राशिफल वृषभ राशिवलों को ये सुझाव देता है की बहुत ज़्यादा काम की वजह से तनाव ना लें. उनका समय वर्ष के दूसरे भाग में आएगा. इस रशिचक्र का स्वामी शुक्रा ग्रह है. ये राशिफल वाले भरोसेमंद और ज़िम्मेदार होते हैं. अपने सद्गुणों का लाभ लेने से मत चूकें,…
मेष राशि की विशेषता
इस ज्वलंत मेष राशि के अंतर्गत जन्म लिए लोग अपने आंतरिक और बाहरी ताकत से विशिष्ट होते हैं.उनका ग्रह मंगल आत्मविश्वास, सहज व्यवहार, और सेनानी भावना का प्रतीक है.यह ईमानदारी और लगन के साथ कार्य करता हुआ , एक लड़ाकू है. वह प्रकृति पर सं छोड़ देते है परन्तु…
मेष राशि
राशिफल:- ये राशि चक्र मंगल ग्रह द्वारा शासित है. इस राशि में पैदा होने वाले लोग अक्सर महत्वाकांक्षी और थोड़ा अड़ियल होते हैं. इन राशि वालों को इस वर्ष मूल्यवान अनुभव मिलेगा जो उनके कैरीयर में लाभदायक सिद्ध हो सकता है. आपके अच्छे स्वाभाव की वजह से आप अपने…
श्रीमद् भगवद्गीता:- अथ द्वितीयोऽध्यायः- सांख्ययोग
अथ द्वितीयोऽध्यायः- सांख्ययोग ( अर्जुन की कायरता के विषय में श्री कृष्णार्जुन-संवाद ) संजय उवाच तं तथा कृपयाविष्टमश्रुपूर्णाकुलेक्षणम् । विषीदन्तमिदं वाक्यमुवाच मधुसूदनः ॥ भावार्थ : संजय बोले- उस प्रकार करुणा से व्याप्त और आँसुओं से पूर्ण तथा व्याकुल…
श्रीमद्भगवद्गीता:- अथ प्रथमोऽध्यायः- अर्जुनविषादयोग
अथ प्रथमोऽध्यायः- अर्जुनविषादयोग ( दोनों सेनाओं के प्रधान-प्रधान शूरवीरों की गणना और सामर्थ्य का कथन ) धृतराष्ट्र उवाच धर्मक्षेत्रे कुरुक्षेत्रे समवेता युयुत्सवः । मामकाः पाण्डवाश्चैव किमकुर्वत संजय ॥ भावार्थ : धृतराष्ट्र बोले- हे संजय! धर्मभूमि…
बेताल पच्चीसी – पच्चीसवीं कहानी!!
योगी राजा को और मुर्दे को देखकर बहुत प्रसन्न हुआ। बोला, “हे राजन्! तुमने यह कठिन काम करके मेरे साथ बड़ा उपकार किया है। तुम सचमुच सारे राजाओं में श्रेष्ठ हो।” इतना कहकर उसने मुर्दे को उसके कंधे से उतार लिया और उसे स्नान कराकर फूलों की मालाओं…
माँ-बेटी के बच्चों में क्या रिश्ता हुआ? बेताल पच्चीसी – चौबीसवीं कहानी!
किसी नगर में मांडलिक नाम का राजा राज करता था। उसकी पत्नी का नाम चडवती था। वह मालव देश के राजा की लड़की थी। उसके लावण्यवती नाम की एक कन्या थी। जब वह विवाह के योग्य हुई तो राजा के भाई-बन्धुओं ने उसका राज्य छीन लिया और उसे देश-निकाला दे दिया। राजा रानी और…
योगी पहले क्यों रोया, फिर क्यों हँसा? बेताल पच्चीसी – तेईसवीं कहानी!
कलिंग देश में शोभावती नाम का एक नगर है। उसमें राजा प्रद्युम्न राज करता था। उसी नगरी में एक ब्राह्मण रहता था, जिसके देवसोम नाम का बड़ा ही योग्य पुत्र था। जब देवसोम सोलह बरस का हुआ और सारी विद्याएँ सीख चुका तो एक दिन दुर्भाग्य से वह मर गया। बूढ़े माँ-बाप…
शेर बनाने का अपराध किसने किया? बेताल पच्चीसी – बाईसवीं कहानी!!
कुसुमपुर नगर में एक राजा राज्य करता था। उसके नगर में एक ब्राह्मण था, जिसके चार बेटे थे। लड़कों के सयाने होने पर ब्राह्मण मर गया और ब्राह्मणी उसके साथ सती हो गयी। उनके रिश्तेदारों ने उनका धन छीन लिया। वे चारों भाई नाना के यहाँ चले गये। लेकिन कुछ दिन बाद…