श्रीहनुमान् जी विद्या, बुद्धि, ज्ञान तथा पराक्रमीकी मूर्ति हैं| जबतक पृथ्वीपर श्रीरामकथा रहेगी, तबतक श्रीहनुमान् जीको इस धरा-धामपर रहनेका श्रीरामसे वरदान प्राप्त है| आज भी ये समय-समयपर श्रीरामभक्तोंको दर्शन देकर उन्हें कृतार्थ किया करते हैं|
हनुमान दर्शन हेतु मंत्र
ॐ हनुमान पहलवान , वर्ष बारहा का जवान| हाथ में लड्डू, मुख में पान| आओ आओ बाबा हनुमान| न आओ तो दुहाई महादेव गौरा - पार्वती की| शब्द साँचा| पिण्ड काँचा| फुरो मन्त्र इश्वरो वाचा||
हनुमान दर्शन हेतु मंत्र – विधि
साधक इस मंत्र का अनुष्ठान मंगलवार या शनिवार से प्रारम्भ करें| श्री हनुमान विषयक नियम का पालन करते हुए सिन्दूर का चोला, जनेऊ, खड़ाऊँ, लंगोट, पाँच लड्डू एवं ध्वजा चढ़ावे और प्रत्येक मंगलवार को व्रत रखें| व्रत में एवं जप समय लाल वस्त्र धारण करें, लाल आसन पर बैठ लाल चन्दन की माला का उपयोग करें| प्रति शनिवार गुड़ और चने का वितरण करें तथा यह क्रिया तीन माह करते हुए प्रतिदिन दस मालायें जपें और पवित्रता का ध्यान रखें इससे पवन सुत प्रसन्न होकर दुर्शन देंगे| उस समय हनुमान जी से जो चाहे माँग लें|

Bahut achhe article hai….mujhe sabar aur tantrik sadhna ke vishay mei aur articke chahiye
आपको अगली पोस्ट में मिल जायेंगे