अचूक एवं अत्यधिक शक्तिशाली महामंत्र, इसकी सिद्धि से आपकी बात हर कोई मानेगा

आज हम आपको एक ऐसे शक्तिशाली मन्त्र के बारे में बताएंगे जिसका प्रभाव अचूक है तथा इस मन्त्र की सिद्धि द्वारा हर एक व्यक्ति आपकी बात मनेगा. किंतु ध्यान रहे इस विधि का दुरुपयोग या स्वहित के लिए प्रयोग निषिद्ध है और यदि किसी ने ऐसा किया तो उसे इसका दुष्परिणाम भुगतना ही होता है. क्या है वशीकरण सिद्ध करने की विधि: सबसे पहले आप ये जान लें कि वशीकरण का अर्थ होता है दूसरे व्यक्ति को अपने मनोनुकूल बनाना यानि ऐसा इंसान जिस पर वशीकरण का प्रयोग किया जाता है, उसे आपकी हर बात को मानना ही होता है भले ही ऐसा करने से उसका नुकसान क्यों न हो रहा हो. आज हम आपको अत्यन्त शक्तिशाली सिद्ध कुंजिका मन्त्र के बारे में बताने जा रहे है. सिद्ध कुंजिका स्तोत्रम् मार्कण्डेय पुराण के सप्तशती अध्याय का वह सिद्ध मंत्र है, जिसके द्वारा किसी भी इच्छित वस्तु की प्राप्ति की जा सकती है.  सिद्ध कुंजिका स्तोत्रम् मंत्र: ॐ ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे. ॐ ग्लौ हुं क्लीं जूं सः, ज्वालय ज्वालय ज्वल ज्वल प्रज्वल प्रज्वल, ऐं ह्रीं क्लीं चामुण्डायै विच्चे ज्वल हं सं लं क्षं फट् स्वाहा.. इस सिद्ध मंत्र को आप सप्तशती का सार मंत्र कह सकते हैं. सप्तशती के अन्य मंत्रों यथा कवच, कीलक, अर्गला आदि मंत्रों की अपेक्षा अकेले इसी मन्त्र का नियमित 108 बार जाप करने से आपको महान सिद्धि प्राप्त हो जाती है. यदि इस मंत्र को वास्तविक रूप में सिद्ध करना है तो इसके स्थापना मंत्र की जागृति के पश्चात निश्चित आसन पर समाधि की अवस्था में बैठकर अनवरत रूप से इसका एक लाख इक्यावन हज़ार बार जप आवश्यक है. ध्यान रहे कि मंत्र जाप के दौरान आप कातर भाव से प्रार्थनारत रहें और अगाध निष्ठा के साथ तेज स्वर में उच्चारण करें. उच्चारण पूर्णरूप से सही होना चाहिए और किसी भी रूप में ध्यान भंग नहीं होना चाहिए. इस मंत्र की सिद्धि के पश्चात आप जिस भी व्यक्ति पर इसका प्रयोग करना चाहें, उसका स्मरण करते हुए 108 बार मंत्र जाप करें, वो इंसान आपकी बात मानने के लिए विवश होगा.

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *